ईद मुबारिक होवै जुग-जुग नित-नित, तुमकौं महरबान।सकल विद्या-गुननिधान अति ही आनंद करौ,देत गुनीन कौं आदर-मान॥जुग-जुग जीवौ कोटि बरस लौं, दैवौ करौ नित दान।‘तानसेन’ कहै सुनौ साह अकबर,चहुँचक राज करौ मरदन महा मरदान॥

ईद मुबारिक होवै जुग-जुग
तानसेनपद · लगभग २ मिनट